वर्डप्रेस का काम और उसकी बिलिंग
कस्टम थीम, प्लगइन, माइग्रेशन, मेंटेनेंस रिटेनर — आप जो भी डिलीवर करते हैं, अमेरिकी क्लाइंट उसकी कीमत समझते हैं।
आम तौर पर फिक्स्ड प्राइस, मासिक समान राशि या ट्रैक्ड आवर्स के हिसाब से बिल बनता है। छोटे मेंटेनेंस काम हर महीने आते हैं और उनके छोटे इनवॉइस पर बैंक फीस भारी पड़ती है।
अमेरिकी क्लाइंट को इनवॉइस भेजना
रजिस्ट्रेशन के बाद एक बार पहचान सत्यापित होती है। फिर आप क्लाइंट और काम का विवरण देते हैं।
इनवॉइस एक US कंपनी जारी करती है, इसलिए क्लाइंट का अकाउंट्स पेएबल पूरी तरह घरेलू रहता है। वे डॉलर में ACH या वायर से भुगतान करते हैं और W-9 फॉर्म मांगने पर उपलब्ध रहता है। क्लाइंट का अमेरिकी होना जरूरी नहीं — किसी भी गैर-प्रतिबंधित देश का क्लाइंट ग्यारह मुद्राओं में भुगतान कर सकता है, लेकिन पैसा US कंपनी को ही मिलता है।
शुल्क और भुगतान का तरीका
कोई मासिक सब्सक्रिप्शन नहीं है। क्लाइंट के भुगतान करने के बाद ही एक प्लेटफॉर्म फीस काटी जाती है।
बाकी राशि आपके देश के हिसाब से बैंक ट्रांसफर, SWIFT, SEPA, Wise, लोकल अकाउंट या डॉलर-डिनॉमिनेटेड डिजिटल एसेट्स में भेजी जाती है। आप अपने टैक्स खुद संभालते हैं; PANORAMA payments टैक्स सलाह नहीं देता और न ही नियोक्ता है।
रजिस्टर करने से पहले क्या जानें
पहचान सत्यापन एक बार होता है। उसके बाद हर इनवॉइस के लिए क्लाइंट और काम का विवरण देना होता है।
प्लेटफॉर्म किसी भी काम की मंजूरी या समय का वादा नहीं करता। आपका काम, आपकी डिलीवरी, आपका क्लाइंट — आप ही तय करते हैं। इनवॉइस किसी भी मुद्रा में जारी हो सकता है, लेकिन पैसा हमेशा US कंपनी के खाते में आता है और फिर आप तक पहुंचता है।
